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chapter 6. विनिर्माण उद्योग Geography class 10 in Hindi Medium ncert book solutions अभ्यास-प्रश्न


Last Updated : March 6, 2026

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chapter 6. विनिर्माण उद्योग

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अभ्यास-प्रश्न

Last Update On: 06 March 2026

 

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अभ्यास : 6 (विनिर्माण उघोग)


1. बहुवैकलिप्क प्रश्न :-

(a) निम्न में से कौन - सा चूना पत्थर को कच्चे माल के रूप में प्रयुक्त करता है ?

(क) एल्यूमिनियम 

(ख) चीनी 

(ग) सीमेंट 

(घ) पटसन 

उत्तर :- (ग) सीमेंट | 

(b) निम्न से कौन - सी एजेंसी सार्वजानिक क्षेत्र में स्टील को बाजार में उपलब्ध कराती है ?

(क) हेल (HAIL)

(ख) सेल (SAIL)

(ग) टाटा स्टील 

(घ) एम एन सी सी (MNCC)

उत्तर :- (खसेल (SAIL) |

(c) निम्न से कौन - सा उघोग बॉक्साइट को कच्चे माल के रूप में प्रयोग करता है ? 

(क) एल्युमिनियम 

(ख) सीमेंट 

(ग) पटसन 

(घ) स्टील 

उत्तर :- (क) एल्युमिनियम |

(d) निम्न से कौन - सा उघोग दूरभाष , कंप्यूटर आदि संयत्र निर्मित करते है  ?

(क) स्टील 

(ख) इलैक्ट्रोनिक 

(ग) एल्युमिनियम

(घ) सूचना प्रौद्योगिकी 

उत्तर :- (क) स्टील |

2. निम्नलिखित प्रश्नों उत्तर लगभग 30 शब्दों में दीजिए |

(a) विनिर्मीण क्या है ?

उत्तर :- कच्चे माल के गुणों एवं उसके रूपम में परिवर्तन के द्वारा उसको ज्यादा मूल्यावाली वास्तु में बदलना विनिर्माण कहलाता है |

(b) उघोगों की अवसिथती को प्रभावित करने वाले तीन भौतिक कारक बताएँ?

उत्तर :- उघोगों की अवसिथ्ती को प्रभावित करने वाले तीन मुख्य भौतिक कारक है :-

(क) प्राकृतिक संसाधन |

(ख) कच्चे माल की उपलब्धता |

(ग) जलवायु

(c) औघोगिक अवसिथती को प्रभावित करने वाले तीन मानवीय कारक बताएँ ?

उत्तर :- औघोगिक अवसिथती पर असर डालने वाले मानवीय कारक है :-

(क) श्रम 

(ख) पूँजी

(ग) परिवहन सुविधाएँ|

(d) आधारभूत उघोग क्या है ? उदहारण देकर बताएँ ?

उत्तर :- वे उघोग जिनके कच्चे माल अथवा उत्पादन पर दूसरे उघोग आधारित उघोग कहालते है , यथा - ताँबा प्रगालन उघोग , लोहा एवं इस्पात उघोग आदि |

3. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 120 शब्दों में दीजिए ?

(a) समंवित इस्पात उघोग मिनी इस्पात उघोगों से कैसे भिन्न है ? इस उघोग की क्या समस्याएँ है ? किन सुधारों के अंतर्गत इसकी उत्पादन क्षमता बढ़ी है ? 

उत्तर :- समंवित इस्पात उघोग से हमरा आशय एक ऐसे इस्पात संयंत्र से है जिसमे माल से लेकर इस्पात बनाने तक की सभी क्रियाएँ की जाती है , जबकि मिनी इस्पात उघोगों वे छोटे संयंत्र हैं जिसमे उत्पादन प्रक्रिया के दौरान विघुत भट्टी , रद्दी ओइस्पत और स्पंज आयरन का प्रयोग किया जाता है | इन उघोगों में रि-रोलर्स होते है जिसमे इस्पात की  झिलिलयों का इस्तेमाल किया जाता है | इन उघोगों द्वारान प्राय : हलके स्टील या  निर्धारित अनुपात के कठोर व मिश्रित इस्पात का का उत्पादन किया जाता है |

इस्पात उघोग की समस्याएँ निम्नलिखित है :-

(क) कोकिंग कोयले की सीमित आपूर्ति और ज्यादा लागत |

(ख) श्रमिकों की निम्न उत्पादकता |

(ग) अविकसित अधोसंरचना |

(घ) ऊर्जा की अनियमित आपूर्ति | 

इस्पात उघोग की उत्पादकता में बढ़ोतरी में निजी उघमियों के प्रयास तथा उदारीकरण एवं प्रत्यक्ष विदेशी निवेश का बड़ा योगदान रहा है | 

(b) उघोग पर्यावरण को कैसे प्रदूषित करते है ?

उत्तर :- उघोग विभिन्न तरह के प्रदुषण यथा - जल , वायु , भूमि , तथा ध्वनि प्रदूषण के लिए उत्तरदायी है | ये पर्यावरण को निम्न तरह प्रदूषित करते है :-

(क) उघोगों द्वारा उत्सर्जित अपशिष्ट पदार्थें के पानी में मिलाने से जल प्रदूषण होता है |

(ख) उघोगों के कारण बड़ी नात्र ने विभिन्न तरह की जहरीली गैसों यथा - कार्बन हाई-ऑक्साइड एवं कार्बन मोनोऑक्साइडआदि का उत्सर्जन हिता है जो वायुमंडल को प्रदूषित करती है |

(ग) मालबए के ढेर यथा - काँच , हानिकारक जहरीले रसायन , पैकिंग , औघिगिक बहाव आदोई मिटटी की उर्वरता को नष्ट करते है |

(घ) कारखानों और तापघरों के गर्म जल के नदियों में मिलाने से जलीय ताप में बढ़ोतरी होती है तो विभिन्न जलीय जीवों के लिए हानिकारक है |

(ड) परमाणु उर्जा संयत्रों से निकालने वाले रेडियों एकिटव पदार्थें से कैंसर , जन्मजात अपंगता और असमय प्रसव जैसी बीमारियाँ होती है |

(च)उघोगों के भारी शोर के कारण ध्वनि प्रदूषण होती है | 

इस तरह उघोग विभिन्न प्रकार के प्रदूषण एवं बीमारियों के कारण है |

(c) उघोगों द्वारा पर्यावरण निम्नीकरण को कम करने के लिए उठाए गए उपायों की चर्चा करें ?

उत्तर :- पर्यावरण निम्नीकरण को कम करने के लिए उठाए गए कतितय परामर्श इस प्रकार है :-

(क) जल की जरूत्रतों की पूर्ति के लिए वर्षा के जल का संग्रहण करना चाहिए |

(ख) विभिन्न औघोगिक प्रक्रियाओं में पानी का न्यूनतम इस्तेमाल किया जाना चाहिए | इसके अलावा दो या दो से अधिक उत्तरोत्तर अवस्थाओं में जल का पुर्नच्रकण के द्वारा पुन : इस्तेमाल किता जाना चाहिए | 

(ग) जिन स्थानों पर भूमिगत जलस्तर निम्न अवस्था में है वहाँ पर उघोगो द्वारा ज्यादा जल के निष्कासन पर कानून९इ प्रतिबन्ध होना चाहिए |

(घ) उघोगों द्वारा गर्म तथा अपशिष्ट जल को नदियों आदि में प्रवाहित करने से पहले उसका शोधन किया जान चाहिए |

(ड) ध्वनि अवशोषण उपकरण तथा कानों पर शोर को नियानित्रत करने वाले उपकरण पहने जाने चाहिए |

(च) उर्जा सक्शन मशीनरी का इस्तेमाल किया जाना चाहिए |

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❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

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