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Chapter 2. विविधता एवं भेदभाव Civics class 6 in Hindi Medium ncert book solutions Additional Questions

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Chapter 2. विविधता एवं भेदभाव Civics class 6 in Hindi Medium ncert book solutions Additional Questions

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Chapter 2. विविधता एवं भेदभाव

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Additional Questions

Last Update On: 06 March 2026

 

अतिरिक्त - प्रश्नोत्तर:


प्रश्न: शहरी एवं ग्रामीण इलाकों में राहने वाले लोगों के बारे में नीचे कुछ कथन दिए गे हैं| जिन कथनों से आप कथनों से आप सहमत हैं, उन पर निशान लगाइए:

ग्रामीण लोग -

(a) आधे से ज्यादा भारतीय गाँवों में रहते हैं|

(b) ग्रामीण लोग अपने स्वास्थ को लेकर सतर्क नहीं होते| वे बहुत अंधविश्वासी होते हैं|

(c) गाँव के लोग बहुत पिछड़े हुए और आलसी होते हैं| वे काम करना पसंद करते|

(d) फसल की बुवाई और कटाई के समय परिवार के लोग खेतों में 12 से 14 घंटों तक काम करते हैं|

(e) गाँव वाले गंदे होते हैं| वे साफ़ नहीं रहते|

शहरी लोग -

(a) शहरी जीवन बड़ा आसन होता हैं| यहाँ के लोग बिगड़े हुए और आलसी होते हैं|

(b) शहरों में लोग अपने परिवार के सदस्यों के साथ बहुत कम समय बिताते हैं|

(c) शहरी लोग केवल पैसे की चिंता करते हैं, लोगों की नहीं|

(d) शहरी लोगों पर भरोसा नहीं किया जा स्काट, वरे चालाक और भ्रष्ट होते हैं|

(e) शहरों में रहना बहुत महंगा पड़ता हैं| लोगों की कमाई का एक बहुत बड़ा हिस्सा किराए और आने - जाने में खर्च हो जाता हैं|

उत्तर: 

ग्रामीण लोग                    शहरी लोग

(a) सही                          (a) गलत

(b) गलत                         (b) सही

(c) गलत                         (c) सही

(d) सही                          (d) गलत

(e) सही                          (e) सही

प्रश्न: उन कथनों को फिर से देखिए जो आपको ग्रामीण एवं शहरी लोगों के बारे में सही लगे| क्या आपके दिमाग में ग्रामीण या शहरी लोगों को लेकर किसी भी प्रकार के पूर्वाग्रह हैं? क्या दूसरे लोगों के दिमाग में भी पूर्वाग्रह हैं? लोगों के दिमाग में ये पूर्वाग्रह क्यों होते हैं?

  • जिन पूर्वाग्रहों को आपने अपने आस - पास महसूस किया हैं उनकी एक सूची बनाइए| ये पूर्वाग्रह लोगों के व्यवहार को कैसे प्रभावित करते हैं|

उत्तर:

ग्रामीण लोग - 

(a) यह पूर्वाग्रह नहीं हैं क्योंकि सरकरी आँकड़ों से यह स्पष्ट हैं कि आधे से ज्यादा भारतीय गाँवों में रहते हैं|

(b) यह पूर्वाग्रह नहीं हैं, यह कथन सही हैं कि फसल की बुवाई व कटाई के समय बहुत अधिक काम होता हैं इसलिए काम को पूरा करने के लिए अधिक समय यानी 12 से 14 घंटे काम करना पड़ता हैं|

(c) यह पूर्वाग्रह नहीं हैं, बल्कि सच्चाई यह हैं की गाँवों के लोगों को अधिक मेहनत करनी होती हैं तथा उनका काम धूल - मिट्टी से जुडा होता हैं जिसके कारण उनके कपडे गंदे रहते हैं तथा शरीर पसीनों से बहेगा रहता हैं|

शहरी लोग -

(a) यह पूर्वाग्रह नहीं हैं, बल्कि सच्चाई हैं, क्योंकि शहर के लोगों को एक निश्चित अवधि के दौरान तथा निश्चित समय तक काम करना होता हैं| वे अपने काम करने की अवधि तथा समय अपनी सुविधा के अनुसार नहीं बदल सकते हैं तथा उन्हें काम करने के लिए भी अपने घर से बहुर दूर जाना होता हैं|

(b) यह पूर्वाग्रह नहीं हैं, बल्कि शर के लोगो की कार्य की प्रकृति से संबंधित हैं, क्योंकि शहर के लोग अपने काम करने का समय तथा अवधि स्वयं निश्चित नहीं कर सकते हैं, इसलिए उनके पास समाज सेवा इत्यादि के लिए समय नहीं कर सकते हैं|

(c) यह पूर्वाग्रह नहीं, बल्कि सच्चाई हैं, क्योंकि शहर में कार्य कर रहे सभी व्यक्तियों के पास अपना घर नहीं होता हैं उन्हें किराए के मकान में रहना पड़ता हैं जिसका किराया बहुत अधिक होता हैं| इसी तरह लोगों को अपने - अपने कार्य स्थल तक पहुँचने के लिए लंबी यात्रा करणी पड़ती हैं जिस कारण यात्रा करने में भी काफी पैसा खर्च होता हैं|

प्रश्न: नीचे दिए गए कथनों की सूची में से तालिका को भरिए| अपने उत्तर के कारणों पर चर्चा कीजिए|

वे बहुत ही सुशील हैं|                                                          लड़का                  लड़की

उनका बात करने का तरीका बड़ा सौम्य और मधुर हैं|                  1                          1

वे शारीरिक रूप से बलिष्ठ हैं|                                                   2                          2

वे शरारती हैं|                                                                        3                          3

वे नृत्य करने और चित्रकारी में निपुण हैं|                                     4                          4

वे रोते नहीं|                                                                           5                          5

वे ऊधमी हैं|

वे खेल में निपुण हैं|

वे खाना पकाने में निपुण हैं| 

वे भावुक हैं|

उत्तर:  

         लड़का                                                            लड़की

(i) वे शारीरिक रूप से बलिष्ठ हैं|                  (i) इनका बात करने का तरीका बड़ा सौम्य और मधुर हैं|

(ii) वे शरारती हैं|                                      (ii) वे बहुत हु सुशील हैं|]

(iii) वे रोते नहीं                                         (iii) वे नृत्य करने और चित्रकारी में निपुण हैं|

(iv) वे ऊधमी हैं|                                       (iv) वे खाना पकाने में निपुण हैं|

(v) वे खेल में निपुण हैं|                               (v) वे भावुक हैं|

लड़के या लड़की का यह व्यवहार जन्म से नहीं होता हैं, बल्कि हमारे लगातार समाज में यह सुनते से होता हैं कि लडके ऐसे होते हैं और 'लड़कियाँ' ऐसी होती हैं और समाज की इन मान्यताओं को हम बिना सोचे - समझे मान लेते हैं सभी लड़कों और लड़कियों को उसी छवि में देखता चाहते हैं|

प्रश्न: ऊपर के चित्रों में जो बच्चे हैं उन्हें पहले 'विकलांग' कहा जाता हैं| इस शब्दों को बदलकर आज उनके जो शब्द प्रयोग किए जाते हैं वे - 'ख़ास जरूरतों वाले बच्चे'| उनके बारे में लोगों के पूर्वाग्रहों को यहाँ बड़े अक्षरों में दिया गया हैं| साथ में उनकी अपनी भावनाएँ और विचार भी दिए गए हैं| ये बच्चे अपने से जुड़ीं रूढ़िबद्ध धारणाओं के बारे में क्या कह रहे हैं और क्यों इस पर चर्चा कीजिए|

उत्तर: चित्रों में ये बच्चे अपने से जुड़ी रूढ़िबद्ध धारणाओं के बारे में निम्नलिखित बातें कह रहे हैं -

  • चित्र - 1 : लोग मेरे विषय में तरह - तरह की बाते करते हैं मैं लंगड़ाता हूँ, मेरी बोली लड़खड़ाती हैं इसके अलावा और भी बहुत कुछ| इसलिए मे कभी उदास हो जाता हूँ तो कभी दु:खी हो जाता हूँ| लोग मेरा मजाक भी लड़ाते हैं, लेकिन मेरे लिए यह नई बात नहीं हैं|
  • चित्र - 2 : लोग मुझे देखकर कहते हैं कि तुम दूसरों से कितनी अलग दिखती हो| ये सब बातें सुनकर मुझे शर्म आती है, क्योंकि में भी इंसान हूँ और में इन घूरती नज़रों से छिप जाना चाहती हूँ|
  • चित्र - 3 : मेरी टाँगें डगमगाती हैं इसलिए लोगों लोगों को शाक हैं कि शायद मेरा दिमाग भी सामान्य नहीं हैं, जबकि में दूसरे बच्चों की तरह पढ़ - लिख सकता हूँ|

प्रश्न: आपकी राय में क्या ख़ास जरूरतों वाले बच्चों को सामान्य स्कूल में पढ़ना चाहिए या उनके लिए अलग स्कूल होने चाहिए? अपने जवाब के पक्ष में तर्क दीजिए|

उत्तर: ख़ास जरूरतों वाले बच्चों के लिए अलग से स्कूल होने चाहिए, क्योंकि सामान्य स्कूलों में उनकी जरूरतों के अनुसार सुविधाएँ नहीं होती हैं और न ही इस प्रकार के बच्चों को पढ़ाने तथा उनकी भावनाओं को समझने वाले विशेष रूप से प्रशिक्षित अध्यापक होते हैं| इसलिए इस प्रकार के बच्चों को सामान्य स्कूल के बजाय विशेष स्कूलों में पढने के लिए भेजना चाहिए या फिर सरकार को सामान्य स्कूलों में ख़ास जरूरतों वाले बच्चों के अनुसार सुविधाएँ विकसित करणी चाहिए|

प्रश्न: 'वे कोमल एवं मृदु स्वभाव की हैं' वे बहुत ही सुशील हैं' - ऐसे कथनों को लेकर को लेकर उन पर चर्चा कीजिए कि ये कैसे केवल लड़कियों पर लागू किए जाते हैं| क्या लड़कियों में से गुण जन्म से ही होते हैं या वे ऐसा व्यवहार समाज स सीखती हैं? आपकी उन लड़कियों के बारे में क्या राय हैं जो कोमल एवं स्वभाव की नहीं होती और शरारती होती हैं|

उत्तर: कुछ स्वभाव मनुष्य में जन्म से ही होते हैं तथा कुछ स्वभाव वह समाज से सीखता हैं| लड़कियों को कोमल तथा मृदु स्वभाव समाज द्वारा सिखाया जाता हैं, क्योंकि समाज में यह रूढ़िबद्ध धारणा हैं कि लड़कियों को कोमल तथा मृदु होना चाहिए, परन्तु सभी लड़कियाँ एक जैसी नहीं होती हैं और वे रूढ़िबद्ध धारणा के अनुसार अपने आपकों नहीं बनती हैं|

प्रश्न: रूढ़िबद्ध धारणाओं एवं भेदभाव में क्या अंतर हैं?

उत्तर: जब हम सभी लोगों को एक ही छवि में बाँध देते हैं या उनके बारे में पक्की धारणा बना लेते हैं तो उसे रूढ़िबद्ध धारणा कहते हैं और जब इन रूढ़िबद्ध धारणाओं के अनुसार लोगों के साथ व्यवहार करने लगते हैं| तो इसे भेदभाव कहते हैं|

प्रश्न: आपके अनुसार जिस व्यक्ति के साथ बेह्द्भाव होता हैं उसे कैसा नहासूस होता हैं?

उत्तर: जिस व्यक्ति के साथ भेदभाव होता हैं, उसे दु:ख होता है, उसे अच्छा नहीं लगता हैं तथा वह अपने आपको अपमानित महसूस करता हैं| उसका आत्मसम्मान कमजोर हो जाता हैं, वह दूसरों से अपने आपकों छोटा तथा कमजोर समझने लगता हैं| वह अन्य लोगों के साथ मिल - जुलकर नहीं रह पाता हैं और अपने आपकों दूसरों से अलग समझने लगता हैं|

प्रश्न: बच्चे पैसा देने को तैयार थे, फिर भी गाड़ीवानों ने उन्हें लि जाने से माना कर दिया| क्यों?

उत्तर: बच्चे पैसा देने को तैयार थे, फिर भी गाड़ीवान उन्हें लि जाने का तैयार नहीं था, क्योंकि गाड़ीवान को पत्ता चल गया था कि बच्चे महार जाति से संबंधित हैं महार जाति को उस समय बंबई प्रांत में अछूत माना जाता था|

प्रश्न: स्टेशन पर लोगों ने डॉ. अंबेडकर और उनके भाइयों के साथ कैसे भेदभाव किया?

उत्तर: स्टेशन पर जब स्टेशन मास्टर को डॉ. अंबेडकर और उनके भाइयों की जाती के विषय मालूम हुआ तो स्टेशन मास्टर का व्यवहार ही बदल गया तथा गाड़ीवानों ने दुगुना पैसा देने पर भी लि जाने से इंकार कर दिया| इस प्रकार स्टेशन पर उनके साथ अच्छा व्यवहार नहीं किया गया|

प्रश्न: महार होने का पत्ता चलने पर स्टेशन मास्टर की जो प्रतिक्रिया हुई थी, उसे देखकर बचपन में अंबेडकर को कैसा लगा होगा? अपने शब्दों में वर्णन कीजिए| 

उत्तर: अंबेडकर के साथ यह घटना उनके बचपन में घाटी थी, इसलिए उस समय इस घटना का कारण उनकी समझ में नहीं आया होगा, परन्तु उन्हें बहुत गहरा दु:ख पहुँचा होगा|

प्रश्न: क्या आपकों कभी अपने प्रति लोगों के पूर्वाग्रह का अनुभव हुआ हैं? या आपने दूसरों के प्रति भेदभाव भरे व्यवहार को देखा हैं? उससे आपकों कैसा महसूस हुआ?

उत्तर: 

प्रश्न: दलित के अलावा कई अन्य समुदाय हैं जिनके साथ भेदभाव किया जाता हैं| क्या आप भेदभाव के कुछ अन्य उदाहरण सोच सकते हैं?

उत्तर: दलित के अलावा कई अन्य समुदाय हैं, जिनके साथ भेदभाव किया जाता हैं: जैसे -

1. धार्मिक अल्पसंख्यकों के साथ भेदभाव 

2. भाषाई अल्पसंख्यकों के साथ भेदभाव

3. स्त्रियों के साथ भेदभाव

4. शारीरिक और मानसिक रूप से कमजोर व्यक्तियों के साथ भेदभाव

5. गरीब तथा आर्थिक रूप से कमजोर समुदायों के साथ भेदभाव

प्रश्न: उन तरीकों पर चर्चा जिनके द्वारा 'ख़ास जरूरतों वाले लोगों के साथ भेदभाव किया जा सकता हैं'|

उत्तर: ख़ास जरूरतों वाले लोगों के साथ भेदभाव कई प्रकार से किया जा सकता हैं: जैसे 

1. ऐसे व्यक्ति को अपने साथ खाना न खिलाना|

2. ऐसे व्यक्ति से बात न करना|

3. ऐसे व्यक्ति को अपने पास न बैठाना|

4. ऐसे व्यक्ति को परिवार से अलग रखना|

5. ऐसे व्यक्ति से अपमानजनक भाषा में बात करना|

6. ऐसे व्यक्ति को उसके अधिकारों से वंचित रखना|

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❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

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