Chapter-Chapter 3. आर्थिक सुधार 1991 से Economics-II class 12 in hindi Medium CBSE Notes
CBSE Class 12 Economics-II Notes in Hindi Medium based on latest NCERT syllabus, covering definitions, diagrams, formulas, and exam-oriented explanations.
Chapter 3. आर्थिक सुधार 1991 से
वैश्वीकरण
3. वैश्वीकरण (Globlisation) :
किसी देश की अर्थव्यवस्था को विश्व के अन्य देशों की अर्थव्यवस्था से मुक्त व्यापार के माध्यम से, अथवा पूँजी और श्रम की गतिशीलता के माध्यम से एक दुसरे से जोड़ना वैश्वीकरण कहलाता है |
इससे विश्व की सभी अर्थव्यवस्थाएँ अपनी-अपनी योग्ताओं के साथ एक मंच पर आ जाते है और एक दुसरे से जुड़ने लगते है, एक खुला बाजार मिलता है और आर्थिक निर्भरता बढ़ने लगती है | यह समग्र विश्व को एक बनाने या सीमामुक्त विश्व की रचना करने का प्रयास है |
आर्थिक सुधारों की मान्यता :
(1) भारतीय अर्थव्यवस्था का विश्व अर्थव्यवस्था से निकटतम संबंध होना चाहिए |
(2) वस्तु, सेवाओं, टेक्नोलॉजी, तथा अनुभव का बिना रोक टोक विश्व में विनिमय हो सकेगा |
(3) वैश्वीकरण से संसार के विभिन्न देशों के साथ भारतीय अर्थव्यवस्था के सहयोग में वृद्धि होगी |
(4) विकसित देशों से पूँजी तथा तकनीक का प्रवाह भारत की ओर हो सकेगा |
भारतीय अर्थव्यवस्था में वैश्वीकरण को प्रोत्साहित करने वाली निति संबंधी रणनीतियाँ :
(1) विदेशी निवेश की अंश (हिस्सा/share) सीमा में वृद्धि: इसकी रणनीति यह रही की अब भारत में विदेशी निवेश की सीमा को 40 % से बढाकर 51% या 100% किया जाय |
(2) रुपये की आंशिक परिवर्तनीयता : इसका अर्थ है डॉलर अथवा पौंड या स्टर्लिग जैसी विदेशी करेंसी को विदेशी सौदों के लिए बाजार कीमत पर खरीदना तथा बेचना |
(3) दीर्घकालीन व्यापार निति : आर्थिक सुधारों के लिए विदेशी व्यापार निति को दीर्घ अवधि अर्थत पांच वर्ष के लिए लागु किया गया था |
(4) प्रशुल्कों में कमी : भारतीय अर्थव्यवस्था को लाभ पहुँचाने के लिए अब धीरे-धीरे आयातों और निर्यातों पर तटकर और सीमा-शुल्क धीरे-धीरे घटाए जा रहे हैं |
(5) परिमाणात्मक प्रतिबंधों का हटाना: अब सभी आयातों पर से परिमाणात्मक प्रतिबंधों को पूरी तरह से हटाया जा रहा है | यह भारत के WTO के प्रति प्रतिबद्धता पर आधारित था |
सकल घरेलु उत्पाद (GDP): किसी निर्धारित समय पर देशी की सीमाओं के अन्दर उत्पादित सभी अंतिम वस्तुओं के उत्पादन के योग को सकल घरेलु उत्पाद (GDP) कहते हैं |
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